नम्र निवेदन

हमारे परमश्रद्धेय स्वामी श्रीरामसुखदासजी महाराज अत्यन्त सरल एवं सुबोध भाषा-शैलीमें प्रवचन दिया करते हैं। ‘साधकोंके प्रति’ नामसे ‘कल्याण’ मासिक पत्रिकामें आपके प्रवचन प्रकाशित होते हैं। प्रवचनोंकी कई पुस्तकें प्रकाशित हो चुकी हैं। प्रवचनोंकी उपादेयताके कारण यह महत्त्वपूर्ण प्रवचन-संग्रह प्रस्तुत किया जा रहा है। यह कहना अतिशयोक्ति नहीं है कि इसे मननपूर्वक पढ़नेसे जीवनमें व्यावहारिक एवं पारमार्थिक अभूतपूर्व सहायता ही नहीं, सफलता भी प्राप्त हो सकेगी। अत: सर्वसाधारणसे निवेदन है कि प्रस्तुत विषयको भलीभाँति हृदयंगम करनेकी कृपा कर लाभ उठावें।